Fakiri Bhi Farishto Ke Nasib Main Milati Hai | #jagjitsingh #ghazal
6.5× channel medianLong-form7:47MusicPublished Sep 25, 2026, 2:59 PM · 4w ago
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Description
फ़क़ीरी भी फ़रिश्तों के नसीब में मिलती है
कहते हैं ज़िंदगी ख़ुशनसीबों को मिलती है,
दिल की ख़ुशी अमीरों के नसीबों को मिलती है।
हम ग़रीब-निकम्मे जाएँ तो जाएँ कहाँ,
फ़क़ीरी भी फ़रिश्तों के नसीब में मिलती है।
महलों में रह के भी कई चेहरे उदास हैं,
कुछ झोपड़ी में बैठकर हँसते हुए मिले।
दौलत से पेट भर गया, दिल मगर ख़ाली रहा,
कुछ लोग सूखी रोटी में भी ख़ुशियाँ लिए मिले।
जिसको मिला सुकून, वही असल में अमीर है,
हर चीज़ का होना कहाँ ख़ुशियों की गवाही है।
सोने के बिस्तरों पर भी नींद रूठ जाती है,
मिट्टी की चारपाई में कभी चैन की रात मिली है।
हमने भी उम्र भर बड़े सपने देखे थे,
सोचा था एक दिन ये ज़माना हमारा होगा।
कमाने निकले थे कि आराम ख़रीद लाएँगे,
फिर वक़्त ने कहा—पहले ये बताओ, आराम कहाँ होगा?
दिन रात भागते रहे मंज़िल की आरज़ू में,
मंज़िल मिली तो रास्ता ही याद आ गया।
जिस घर को बनाने में उम्र लगा दी हमने,
वहीं लौटे तो बचपन बहुत याद आ गया।
माँ की दुआओं जैसा कोई धन नहीं मिला,
पिता की छाँव जैसा कोई मकाँ नहीं मिला।
दुनिया में ढूँढते रहे हम उम्र भर सुकून,
घर लौटकर समझ आया—वहीं सब कुछ मिला।
कुछ लोग हमें देखकर कहते रहे निकम्मा,
हमने भी उनकी बात को दिल पर नहीं लिया।
जिसको जहाँ मिला, वो वहीं मुस्कुरा लिया,
हमने भी अपनी फ़क़ीरी को अपना बना लिया।
किस्मत के फ़ैसलों से भला कौन जीत पाया,
किसने यहाँ हर एक ख़्वाहिश को पा लिया।
किसी को उम्र भर भी मोहब्बत नहीं मिली,
किसी ने एक नज़र में ही संसार पा लिया।
किसी के हाथ में दौलत, किसी के हाथ में दर्द,
किसी के पास सब कुछ, मगर दिल नहीं।
किसी के पास रहने को छोटा-सा घर सही,
मगर उस घर में बँटता हुआ प्यार कम नहीं।
हमने भी देखे हैं चेहरे हज़ार दुनिया में,
हर शख़्स अपने हिस्से की कहानी लिए हुए।
कोई हँस रहा था और आँखें थीं नम उसकी,
कोई चुप था मगर पूरी रवानी लिए हुए।
यहाँ कौन सच में ख़ुश है, कौन जानता है,
हर दिल में कोई न कोई कमी पलती है।
कुछ दर्द दिखाई देते हैं आँखों में साफ़,
कुछ दर्द उम्र भर मुस्कुराकर ढलती है।
हमने कहा कि पैसा ही शायद ख़ुशी देगा,
पैसा मिला तो और ज़रूरतें निकल आईं।
एक ख़्वाहिश पूरी हुई तो दूसरी खड़ी थी,
हम ज़िंदगी भर ख़्वाहिशों में ही उलझते रहे।
अब सोचते हैं थोड़ा-सा कम भी कमा लें,
लेकिन जो वक़्त गया वो वापस नहीं आता।
बेटा बड़ा हो गया, माँ बूढ़ी हो गई,
इंसान कमाता रहा और जीवन निकलता गया।
अब किससे शिकायत करें इस गुज़रते वक़्त की,
हर साँस अपने साथ एक दिन लेके जाती है।
हम सोचते हैं कल से ज़िंदगी बदल देंगे,
और देखते ही देखते उम्र गुज़र जाती है।
फ़क़ीर वो नहीं जिसके पास धन नहीं,
फ़क़ीर वो है जिसकी चाहतें ख़त्म हो गईं।
जिसने जो मिला उसमें शुक्र करना सीख लिया,
उसकी रातें भी जाने क्यों रौशन हो गईं।
हमें भी अब किसी महल की आरज़ू नहीं,
बस एक छोटा-सा कोना और सुकून चाहिए।
दो वक्त की रोटी, अपनों की हँसी मिले,
और सोने से पहले दिल को जुनून चाहिए।
न शोहरत चाहिए, न दुनिया की वाह-वाह,
न नाम चाहिए जो कल कोई याद भी न रखे।
बस इतना हो कि जब आख़िरी साँस आए,
हम कह सकें—जो मिला, उसे प्यार से जिया।
कहते हैं ज़िंदगी ख़ुशनसीबों को मिलती है,
मगर ज़िंदगी तो हर किसी को मिलती है।
फ़र्क़ सिर्फ़ इतना है—कोई उसे गिनता रहता है,
और कोई हर साँस को जीकर चलता है।
दिल की ख़ुशी अमीरों के नसीबों में कहाँ,
ये तो कभी किसी बच्चे की हँसी में मिलती है।
कभी माँ के हाथ की रोटी में मिलती है,
कभी पिता की ख़ामोश दुआ में मिलती है।
कभी किसी अनजान की मदद कर देने में,
कभी किसी रोते चेहरे को हँसा देने में।
कभी किसी भूखे को आधी रोटी बाँटने में,
कभी किसी टूटे दिल को अपना बना लेने में।
दौलत रहे तो अच्छी है, मगर दिल न बिके,
नाम मिले तो अच्छा है, मगर अहंकार न हो।
ज़िंदगी लंबी मिले तो अच्छी बात है मगर,
हर साँस में इंसानियत हो—बस इतना प्यार हो।
और जब आख़िर में हिसाब होगा ज़िंदगी का,
न सोना काम आएगा, न महल, न बाज़ार।
बस कुछ चेहरे याद आएँगे आँखों के सामने,
और पूछा जाएगा—कितना बाँटा तुमने प्यार?
तब शायद समझ आएगा इस दुनिया का राज़,
अमीर वो नहीं जिसके पास ख़ज़ाने हैं।
अमीर वो है जो जाते-जाते भी छोड़ जाए,
कुछ दुआएँ… और कुछ मुस्कुराते अफ़साने हैं।
कहते हैं ज़िंदगी ख़ुशनसीबों को मिलती है,
दिल की ख़ुशी अमीरों के नसीबों को मिलती है।
हम ग़रीब-निकम्मे जाएँ तो जाएँ कहाँ,
फ़क़ीरी भी फ़रिश्तों के नसीब में मिलती है।
अब जो मिला है उसी में ख़ुश रहना है,
जो चला गया उसको जाने देना है।
ज़िंदगी कोई दौड़ नहीं, एक सफ़र है,
इसे मंज़िल से पहले भी जी लेना है।
Details
- Published
- Sep 25, 2026, 2:59 PM
- Length
- 7:47 (467 s)
- Format
- Long-form
- Category
- Music
- Audio language
- HI
- Quality
- HD
- Captions
- No
- Made for kids
- No
- Licensed content
- Yes
- Video ID
- OIgVC3FHq18
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